कानपुर न्यूज डेस्क: कानपुर के चर्चित गुरुकुल हत्याकांड में पुलिस ने एक बड़ा कदम उठाते हुए मृतक छात्र दिव्यांश के सगे मामा, जितेंद्र तिवारी उर्फ बाला प्रसाद को गिरफ्तार कर लिया है। मंगलवार को पुलिस ने आरोपी मामा को न्यायालय में पेश किया, जहाँ से उसे जेल भेज दिया गया। यह गिरफ्तारी छात्र के माता-पिता द्वारा दी गई उस तहरीर के आधार पर हुई है, जिसमें उन्होंने अपने ही रिश्तेदार पर साक्ष्यों को छिपाने और गुमराह करने का गंभीर आरोप लगाया था।
महाराजपुर थाना क्षेत्र के गौरिया गांव निवासी दिव्यांश की हत्या का आरोप गुरुकुल संचालक सौरभ मिश्रा पर है, जिसने कथित तौर पर मासूम को पीट-पीटकर मौत के घाट उतार दिया था। घटना के बाद दिव्यांश के मामा जितेंद्र तिवारी ने परिवार को यह कहकर गुमराह करने की कोशिश की थी कि बच्चे की मौत सीढ़ियों से गिरने के कारण हुई है। जबकि पोस्टमार्टम और जांच में बेरहमी से पिटाई की बात सामने आई थी।
महाराजपुर थाना प्रभारी राजेश कुमार के अनुसार, जितेंद्र तिवारी को हत्या की साजिश रचने, परिजनों को गलत सूचना देने और पुलिस जांच को भटकाने के मामले में आरोपी बनाया गया है। पुलिस का मानना है कि आरोपी मामा को घटना की असलियत पहले से पता थी, लेकिन उसने सच्चाई छिपाकर हत्यारे का साथ दिया।
इस गिरफ्तारी के बाद पीड़ित परिवार ने न्याय की उम्मीद जताई है। पुलिस अब इस मामले के अन्य पहलुओं की भी जांच कर रही है ताकि यह साफ हो सके कि इस जघन्य अपराध में और कौन-कौन से लोग शामिल थे।